पीएमएमवीवाई के लाभार्थियों को भुगतान दिलाने के लिए पोस्ट ऑफिस में खोले जाएंगे खाते

पीएमएमवीवाई के लाभार्थियों को भुगतान दिलाने के लिए  पोस्ट ऑफिस में खोले जाएंगे खाते

दी न्यूज़ एशिया समाचार सेवा।

पीएमएमवीवाई के लाभार्थियों को भुगतान दिलाने के लिए

पोस्ट ऑफिस में खोले जाएंगे खाते

ई-केवाईसी नहीं होने या बैंक खाता नहीं होने के कारण 440 लाभार्थियों को नहीं मिल पा रहा लाभ

योजना का लाभ लेने के लिए जल्दी खुलवाएं बैंक खाता: डा. ललित

नोएडा21 फरवरी 2024। सरकारी योजना प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (पीएमएमवीवाई) का भुगतान आच्छादित पात्र लाभार्थियों के बैंक खाते में सीधे पहुंचे उसके लिए विशेष अभियान चलाकर खाते खोले जाएंगे। स्वास्थ्य विभाग और इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) के सहयोग से खाते खोलने के लिए ब्लॉक स्तर पर शिविर लगाए जाएंगे। इस सप्ताह शुक्रवार (23 फरवरी) को जेवर व दनकौर ब्लॉक में शिविर आयोजित किये जाएंगे।

प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना  के नोडल अधिकारी एवं अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डा. ललित कुमार ने बताया- इस संबंध में आईपीपीबी से स्वास्थ्य विभाग की वार्ता भी हो चुकी है। शीघ्र ही शिविर लगाकर खाते खोले जाएंगे। उन्होंने बताया बहुत से लाभार्थी ऐसे हैं जिनकी बैंक की बायोमेट्रिक केवाईसी नहीं हुई है। इस वजह से उन्हें योजना के तहत मिलने वाला भुगतान नहीं हो पा रहा है। महिला एवं बाल विकास मंत्रालय भारत सरकार की ओर से पत्र के माध्यम से निर्देश दिये गये है कि सरकारी योजनाओं का भुगतान आच्छादित पात्र लाभार्थी के बैंक खाते तक पहुंचे, इसके प्रत्यक्ष लाभ हस्तांतरण आधार इनेबल्ड पेमेंट सिस्टम (एपीएस) के माध्यम से किया जाए।

उन्होंने बताया- पीएमएमवीवाई के अंतर्गत पीएमएमवीवाई सॉफ्ट एमआईएस में एक नई सुविधा शुरू की गई थीजिसमें लाभार्थियों का आधार प्रमाणीकरण और बैंक खाते की आधार सीडिंग (डिजिटल-केवाईसी) को नेशनल पेमेंट कॉरपोरेशन ऑफ इंडिया (एनपीसीआई) के माध्यम से सत्यापित किया जा रहा है। यूआईडीएआई  के माध्यम से ऑनलाइन प्रमाणीकरण में 'आधार कार्ड के अनुसार लाभार्थी का विवरण 'नामआयुलिंगआदि पोर्टल पर दर्ज होना चाहिए एवं सिस्टम द्वारा आधार ऑथेंटिकेशन न होने पर नजदीकी 'आधार सेवा केंद्रमें संपर्क स्थापित कर आधार में आवश्यक सुधार करवाया जा सकता है। अंतिम चरण में एनपीसीआई के माध्यम से आधार से जुड़े बैंक डाकघर खाते का ऑनलाइन सत्यापन किया जाता है। बहुत से लाभार्थियों का खातों का आधार से सीडिंग न हो पाने के कारण भुगतान नहीं किया जा सका है। इसके अलावा एनपीसीआई के माध्यम से आधार से जुड़ी स्थिति के ऑनलाइन सत्यापन किये जाने के कारण पात्र लाभार्थी का पंजीकरण नहीं हो पा रहा है क्योंकि उनके बैंक खाते आधार से जुड़े नहीं हैं। लाभार्थियों के पंजीकरण के दौरान इन चुनौतियों को ध्यान में रखते हुए महिला एवं बाल विकास मंत्रालय ने लाभार्थियों को इंडिया पोस्ट पेमेंट्स बैंक (आईपीपीबी) में खाते खोलने के लिए प्रोत्साहित किया जा रहा हैजिससे फील्ड स्तर पर स्थानीय डाकघरों में तैनात 'ग्रामीण डाक सेवककी सहायता से बैंक खाते खोलनेआधार सीडिंग और विभिन्न अन्य सेवाएं ऑन-द-स्पॉट दी जा सके।

जिला कार्यक्रम सहायक अदिति करण ने बताया- लाभार्थी किसी भी पोस्ट आफिस (आईपीपीबी) में खाता खुलवा सकता हैइसके लिए आधार होना जरूरी है। आईपीपीबी की ओर से खाता खोलने के बाद एक डिजिटल कार्ड दिया जाएगा। बायोमेट्रिक स्कैनिंग से योजना से प्राप्त धनराशि निकाली जा सकेगी। उन्होंने बताया- लाभार्थियों की सुविधा के लिए आईपीपीबी के सहयोग से ब्लॉक स्तर पर शिविर लगाकर खाते खोले जाएंगे। इस सप्ताह शुक्रवार (23 फरवरी) को शिविर का आयोजन किया जाएगा। इसके बाद हर बृहस्पतिवार को शिविर का आयोजन होगा। अदिति करण ने बताया- जनपद में 440 लाभार्थी ऐसी हैं जिनके खाते खोले जाने हैं। उन्होंने बताया- प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना 2.0 में अब 2036 पंजीकरण हो चुके हैं।