इलहाबाद हाइकोर्ट के न्यायमूर्ति गौतम चौधरी बने नानक चंद सभागार में हुये अधिवक्ता परिषद कार्यक्रम का हिस्सा।

इलहाबाद हाइकोर्ट के न्यायमूर्ति गौतम चौधरी बने नानक चंद सभागार में हुये अधिवक्ता परिषद कार्यक्रम का हिस्सा।

दी न्यूज़ एशिया समाचार सेवा।

मेरठ कचहेरी ।

अधिवक्ता परिवाद ब्रज की मेरठ ईकाई द्वारा हिन्दी दिवस पखवाड़े के आयोजन में आज दिनांक 17/09/2022 को दोपहर 2:00 बजे स्थान नानक चन्द सभागार, न्यायालय प्रांगण, मेरठ में हिन्दी दिवस समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता अधिवक्ता परिषद, मेरठ इकाई के उपाध्यक्ष श्री विवेक कोचर जी ने की।

इस अवसर पर मुख्य अतिथि माननीय न्यायमूर्ति श्रीमान गौतम चौधरी जी, विशिष्ट अतिथि श्री रजत सिंह जैन जिला एवं सत्र न्यायाधीश, मेरठ, मुख्य वक्ता प्रो० वाचस्पति मिश्र अध्यक्ष उ० प्र० संस्कृत संस्थान, लखनऊ, श्री चरण सिंह त्यागी, क्षेत्रीय मंत्री अधिवक्ता परिषद उ0प्र0 व उत्तराखण्ड, श्री नरोत्तम कुमार गर्ग, अध्यक्ष अधिवक्ता परिषद ब्रज, श्री गजेन्द्र पाल सिंह अध्यक्ष मेरठ बार एसोसियेशन व श्री अजय शर्मा महामंत्री मेरठ बार एसोसियेशन ने भारत माता के चित्र पर दीप प्रज्जवलित करके कार्यक्रम का शुभारम्भ किया।

सुश्री शुचि शर्मा, आरती गर्ग, शिवानी शर्मा ने वन्दे मातरम का गायन किया।

इस अवसर पर श्री नरोत्तम कुमार गर्ग जी ने अधिवक्ता परिषद का परिचय कराते हुये कहा कि

अधिवक्ता परिषद अपने न्याय मम धर्मः की नीति पर शब्द निर्माण के रूप में कार्य कर रहा है।

इस अवसर पर श्री चरण सिंह त्यागी, अधिवक्ता परिषद के आयाम पर विचार व्यक्त किये ।अधिवक्ता परिषद तीसरे दशक में हैं तथा राष्ट्र की चेतना को बढ़ाने का काम अधिवक्ता परिषद कर रहा हैं तथा समाज के अंतिम व्यक्ति तक न्याय पोहचने की अपनी सोच को अपने आयामो के माध्यम से पूरा कर रहा हैं ।

इस कार्यक्रम में मुख्य अतिथि माननीय न्यायमूर्ति श्रीमान गौतम चौधरी जी. इलाहाबाद उच्च न्यायालय ने अपने सम्बोधन में कहा कि हिन्दी भाषा के उत्थान के लिये सर्वप्रथम ये प्रण लेना चाहिए कि हम सभी कम से कम हिन्दी मे हस्ताकार करना शुरू करे और रोजमर्जा की भाषा में हिन्दी सरल होनी चाहिए और मेरा सबसे पहला निर्णय हिन्दी मे दिया गया था। हिन्दी के प्रेरणा स्रोत प्रेम  शंकर जी व महरोत्रा रहे है और हिन्दी को बढावा दिया।

मुख्य वक्ता डॉ वाचस्पति मिश्र जी ने अपने सम्बोधन में कहा कि जिस देश ने विदेशी भाषा को स्वीकार किया उस देश की विकास दर पिछड़ी हुई है। अंग्रेजी के अनेको शब्दो का मूल संस्कृत भाषा है। संस्कृत सभी भाषाओं की जननी है।

विशिष्ट अतिथि श्री रजत सिंह जैन जी ने अपने उद्धबोधन में कहा कि मनाते है कि हिन्दी राष्ट्र की भाषा बने। 

जनपद न्यायधीश मेरठ के द्वारा हिन्दी दिवस पर कर्मचारी गण के मध्य निबंध प्रतियोगिता कराई गयी जिसमे प्रथम व द्वितीय व तृतीय  आने वालो की न्यायमूर्ति जी के द्वारा ईनाम व प्रशस्तिपत्र दिये गये जिनमे सौरभ,राजेश अनिता धर्मेन्द्र  आदि को ईनाम  मिले ।

कार्यक्रम का संचालन महामंत्री डा० पराग गर्ग ने किया। कार्यक्रम मे अन्त में कार्यक्रम अध्यक्ष श्री विवेक कोचर जी ने कार्यक्रम में उपस्थित अतिथिगण व समस्त को धन्यवाद ज्ञापित किया।

कार्यक्रम में मुख्य रूप से चौ० नरेन्द्र पाल सिंह, पदम सिंह, शुची शर्मा, प्रसून पवार, विवेक कोचर, झमन वर्मा, सुभाष दत्त शर्मा,लक्ष्य कुमार सिंह,वंदना सिंह, भूपेन्द्र, विशाल राणा, सचिन राणा, मनवीर, लक्ष सिंह, सुश्री सुरभी, शिवानी शर्मा, मोनिका भारद्वाज, राकेश, अमित धामा, मेहरपाल, कोमल त्यागी, मनोज गुप्ता, फरजाना, अवकाश जैन, नरेन्द्र चौहान, राजेश गुप्ता, राजकुमार, विजय त्यागी सचिन भारद्वाज सर्वेश शर्मा, ब्रहमपाल सिंह, सतीश, पुष्पेन्द्र, श्रीमती वन्दना सविता त्यागी सविता रानी

कुंवर ज़फर अली खान ,अब्दुल जब्बार खान ,वीरेन्द्र कुमार वर्मा,संदीप सिंह आदि अधिवक्तागण उपस्थित रहे।